
भाग 2:
तीन दिन बाद क्लेयर को डाकपेटी में एक लिफाफा मिला।
उस पर कोई लोगो नहीं था।
न ही कोई प्रेषक का पता।
अंदर लिखी सिर्फ़ एक पंक्ति ने सबका ध्यान खींच लिया।
“आपकी उपस्थिति हमारे लिए महत्वपूर्ण है।”
पत्र में मेसन के साहस की प्रशंसा की गई थी और रीड परिवार को अगले सप्ताहांत सिएटल में आयोजित एक विशेष कार्यक्रम में आमंत्रित किया गया था।
क्लेयर लगभग उसे फेंक ही देती।
तभी एक महिला का फ़ोन आया। उसने सारी जानकारी की पुष्टि की और बताया कि यात्रा और ठहरने की पूरी व्यवस्था पहले से ही कर दी गई है।
सारा खर्च आयोजकों द्वारा उठाया जाएगा।
इसलिए वे चले गए।
जब वे सिएटल के कॉन्फ़्रेंस सेंटर पहुँचे, तो मेसन ठिठक गया।
पूरा हॉल सैकड़ों लोगों से भरा हुआ था।
प्रवेश द्वार के पास कैमरे लगे हुए थे।
विशाल स्क्रीन पर दयालुता और साहस की प्रेरणादायक कहानियाँ दिखाई जा रही थीं।
एक स्वयंसेवक ने उनके नाम जाँचे और मुस्कुराकर कहा,
“रीड परिवार, आपका स्वागत है। सभी लोग आपका इंतज़ार कर रहे थे।”
कार्यक्रम शुरू हुए लगभग एक घंटा हो चुका था कि संचालक अचानक रुक गए।
“कभी-कभी दयालुता के सबसे शक्तिशाली कार्य उन लोगों से आते हैं, जिनसे हमें सबसे कम उम्मीद होती है।”
स्क्रीन बदल गई।
पिक्सेल प्लैनेट दिखाई दिया।
फिर मेसन की तस्वीर।
पूरा हॉल आश्चर्य से भर उठा।
“कृपया खड़े हो जाइए, मेसन रीड।”
मेसन धीरे-धीरे खड़ा हुआ और उसके साथ सैकड़ों अनजान लोग भी सम्मान में खड़े हो गए।
तभी एक परिचित व्यक्ति मंच पर आया।
वही ग्राहक जिसे वे गेम स्टोर में मिले थे।
संचालक ने उसका नाम घोषित किया।
“नाथन कार्टर।”
नाथन ने मेसन की ओर देखकर मुस्कुराया।
उसने बताया कि उस सुबह उसने क्या देखा था।
एक दस साल का लड़का, जिसने अपनी सबसे प्रिय चीज़ इसलिए छोड़ दी क्योंकि उसकी बहन उसके लिए उससे भी ज़्यादा महत्वपूर्ण थी।
फिर उसने पहला आश्चर्य घोषित किया।
लिली की सर्जरी और उसके इलाज से जुड़ा हर खर्च पूरी तरह वहन किया जाएगा।
क्लेयर की आँखों से आँसू बहने लगे।
लेकिन नाथन ने अपना एक हाथ उठाया।
“अभी और भी है।”
Disclaimer : This content may be created by AI for entertainment purposes. Any resemblance to real persons, events, or places is coincidental.